जयपुर | जयपुर में देर रात एक बड़ी कार्रवाई में स्वास्थ्य विभाग ने जनता की थाली में पहुंचने से पहले 400 किलो मिलावटी पनीर को जब्त कर नष्ट कर दिया।
यह पनीर भरतपुर के डीग से लाया जा रहा था और शहर के ढाबों, रेस्टोरेंट और मिठाई की दुकानों में खपाने की तैयारी थी।
240 रुपए किलो में बिकने वाला ‘मौत का निवाला’
पनीर की खेप एक पिकअप वैन में छिपाकर लाई जा रही थी।
CMHO डॉ. मनीष मित्तल को सूचना मिली कि आगरा रोड से लगातार नकली डेयरी उत्पाद जयपुर पहुंचाए जा रहे हैं।
टीम ने रात करीब 1 बजे मालवीय नगर के बालाजी मोड़ पर एक संदिग्ध पिकअप को रोका — जिसमें सफेद टबों में भरा हुआ संदिग्ध पनीर बरामद हुआ।
यह नकली पनीर ₹240 प्रति किलो में शहर के नामी ढाबों, होटलों और मिठाई की दुकानों में बेचा जा रहा था।

पनीर या प्लास्टिक?
CMHO टीम ने बताया कि पनीर को देखकर ही समझ में आ गया कि यह सिंथेटिक है।
आमतौर पर ऐसे मिलावटी पनीर में मिलाए जाते हैं:
सिंथेटिक दूध
स्टार्च
रिफाइंड ऑइल
बोरिक एसिड या डिटर्जेंट
इससे हो सकती हैं गंभीर पेट की बीमारियाँ, किडनी-लिवर डैमेज, स्किन एलर्जी, यहां तक कि कैंसर का खतरा।
CMHO की त्वरित कार्रवाई:
- पनीर के अलग-अलग बैच से सैंपल लिए गए
- 400 किलो नकली पनीर मौके पर ही नष्ट किया गया
- टीम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी रमेश चंद यादव, अवधेश गुप्ता और नंद किशोर कुमावत शामिल रहे।
CMHO जयपुर की चेतावनी:
“सस्ता पनीर खाने की कीमत सेहत से मत चुकाइए।”
“मिलावटखोरों को बख्शा नहीं जाएगा। त्योहारों से पहले लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।”
एक नज़र में कार्रवाई की मुख्य बातें:
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| स्थान | बालाजी मोड़, मालवीय नगर, जयपुर |
| स्रोत | डीग, भरतपुर |
| सामग्री | 400 किलो मिलावटी पनीर |
| लक्षित ग्राहक | होटल, ढाबे, मिठाई दुकानें |
| दर | ₹240/किलो |
| कार्रवाई | नष्ट, सैंपलिंग, आगे जांच |
| टीम | CMHO व खाद्य सुरक्षा अधिकारी |
जनता से अपील:
बिना लेबल, सस्ते डेयरी उत्पादों से सावधान रहें।
मिलावटी सामान बेचने वालों की सूचना तुरंत दें।
फूड सेफ्टी हेल्पलाइन: 1800-180-5533
या शिकायत करें: fssai.gov.in
आपकी सतर्कता = आपका स्वास्थ्य
- रेस्टोरेंट में ऑर्डर करने से पहले क्वालिटी चेक करें
- मिठाई या पनीर के दाम ‘बहुत कम’ लगें, तो सतर्क हो जाएं
- बच्चों और बुजुर्गों के लिए मिलावटी पनीर जहर से भी ज्यादा खतरनाक



