Friday, March 6, 2026
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राजनीतिक दल आगामी 14 जुलाई तक कार्यालय मुख्य निर्वाचन अधिकारी लखनऊ के समक्ष रख सकते हैं अपना पक्ष

विगत 6 वर्षों में भारत निर्वाचन आयोग द्वारा आयोजित निर्वाचनों में एक भी चुनाव न लड़ने वाले 05 राजनीतिक दलों को कारण बताओं नोटिस जारी

गौतमबुद्ध नगर : जिला मजिस्ट्रेट/जिला निर्वाचन अधिकारी गौतम बुद्ध नगर मनीष कुमार वर्मा के निर्देशों की क्रम में अपर जिलाधिकारी (वि०/रा०)/उप जिला निर्वाचन अधिकारी, गौतमबुद्धनगर अतुल कुमार ने बताया कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 29ए के प्राविधानों के अन्तर्गत भारत निर्वाचन आयोग में पंजीकृत उत्तर प्रदेश राज्य के 119 पंजीकृत अमान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों द्वारा वर्ष 2019 से वर्ष 2024 (06 वर्षों) के मध्य आयोग द्वारा आयोजित निर्वाचनों में एक भी चुनाव नहीं लड़े जाने के फलस्वरूप भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देश के क्रम में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उ०प्र० द्वारा भारत निर्वाचन आयोग में पंजीकृत गौतम बुद्ध नगर के 05 अमान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को “कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है, जिसमें राष्ट्रीय मज़दूर किसान पार्टी, पश्चिमी उत्तर प्रदेश विकास पार्टी, मदर इंडिया पार्टी, जनक्रांति समाज पार्टी, हिंदुस्तान क्रान्तिकारी दल सम्मिलित है। उन्होंने बताया कि उपरोक्त पांचो अमान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को कार्यालय मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तर प्रदेश लखनऊ द्वारा वर्ष 2019 से वर्ष 2024 के मध्य (6 वर्षों) के मध्य भारत निर्वाचन आयोग द्वारा आयोजित निर्वाचनों में एक भी चुनाव नहीं लड़ने पर कारण बताओ नोटिस पार्टी के पंजीकृत पत्ते पर रजिस्टर्ड डाक द्वारा प्रेषित किया गया है।
उन्होंने बताया कि कारण बताओं नोटिस के संबंध में उक्त पार्टी के अध्यक्ष/महासचिव अपना प्रत्यावेदन हलफनामा एवं सुसंगत अभिलेखों के साथ 14 जुलाई 2025 तक कार्यालय मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तर प्रदेश, चतुर्थ तल विकास भवन, जनपद मार्केट लखनऊ-226001 उपलब्ध करा सकते हैं एवं सुनवाई हेतु नियत दिनांक 21 जुलाई 2025 को मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के समय के दौरान मुख्य निर्वाचन अधिकारी के समक्ष उपस्थित हो सकते हैं।
उन्होंने यह की बताया कि पार्टी की ओर से कारण बताओ नोटिस के संबंध में निर्धारित तिथि के भीतर प्रत्यावेदन उपलब्ध नहीं कराया जाता है, तो यह माना जायेगा कि पार्टी को इस मामले में कुछ नहीं कहना है और पार्टी को राजनैतिक दलों की सूची से हटाये जाने के संबंध में मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तर प्रदेश की ओर से संस्तुति सहित प्रस्ताव भारत निर्वाचन आयोग को प्रेषित कर दिया जाएगा।

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