महंगाई दर, तिमाही नतीजे और वैश्विक संकेत करेंगे बाजार की चाल तय
मुंबई / पिछले सप्ताह घरेलू शेयर बाजार में मजबूती के संकेत देखने को मिले और अब निवेशकों की नजरें अगले सप्ताह (13–17 अक्टूबर) पर टिकी हैं। जानकारों के अनुसार, आने वाला सप्ताह बाजार के लिए निर्णायक हो सकता है, खासकर 17 अक्टूबर (शुक्रवार) को जब बाजार में तेज गति या दिशा परिवर्तन की संभावना जताई जा रही है।
यदि निफ्टी को अपने रिकॉर्ड हाई की ओर बढ़ना है, तो उसे 25,322 | 25,434 | 25,566 | 25,710 के चार प्रमुख रेजिस्टेंस लेवल्स को पार करना होगा।
सपोर्ट और रेजिस्टेंस लेवल्स
रेजिस्टेंस जोन (ऊपरी बाधाएं)
25,322 | 25,434 | 25,566 | 25,710
इन स्तरों के पार होने पर तेजी और तेज हो सकती है।
सपोर्ट जोन (नीचे का सहारा)
25,145 | 25,080 | 25,035 | 25,001 | 24,856 | 24,806 | 24,688
इन स्तरों पर गिरावट थम सकती है, और खरीदारी के मौके बन सकते हैं।
सप्ताह की प्रमुख घटनाएं जो बाजार की दिशा तय करेंगी:
1. महंगाई के आंकड़े (CPI और WPI)
- 13 अक्टूबर को सरकार सितंबर महीने की रिटेल महंगाई (CPI) और
- 14 अक्टूबर को थोक महंगाई (WPI) के आंकड़े जारी करेगी।
पिछले महीने CPI बढ़कर 2.07% और WPI 0.52% रही थी। यदि इस बार भी बढ़ोतरी दर्ज होती है, तो यह शेयर बाजार की तेजी को प्रभावित कर सकती है।
2. दूसरी तिमाही के कॉर्पोरेट नतीजे (Q2 Earnings)
इस हफ्ते 200 से अधिक कंपनियों के परिणाम जारी होंगे, जिनमें शामिल हैं:
- Reliance Industries, Tech Mahindra, Axis Bank, HCL Tech, Wipro, Jio Financial
- HDFC Bank और ICICI Bank के नतीजे शनिवार को अपेक्षित हैं।
इन परिणामों से सेक्टर विशेष में हलचल तेज हो सकती है।
3. FIIs vs DIIs की चाल
- 6–10 अक्टूबर के बीच विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने ₹2,975 करोड़ की खरीदारी की।
- जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने ₹8,391 करोड़ की खरीदारी की।
बाजार में संतुलन बना हुआ है और यह तेजी को समर्थन दे सकता है।
4. अमेरिकी बाज़ार और वैश्विक संकेत
- अमेरिका द्वारा चीन पर 100% टैरिफ लगाने से वैश्विक बाजारों में गिरावट आई।
- Dow Jones 878 अंक, S&P 500 182 अंक, और Nasdaq 820 अंक गिरा।
इस वैश्विक अस्थिरता का सीमित असर भारत पर भी हो सकता है।
5. ट्रंप टैरिफ और व्यापार तनाव
अमेरिका का चीन से आयातित वस्तुओं पर 100% अतिरिक्त शुल्क लगाने का फैसला 1 नवंबर से लागू होगा। इससे वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और निवेश धारणा पर असर पड़ सकता है।
बाजार का तकनीकी आउटलुक
| इंडिकेटर | स्थिति |
|---|---|
| RSI (Relative Strength Index) | 53 (न निचला, न ऊपरी स्तर — अपट्रेंड की गुंजाइश) |
| India VIX (Volatility Index) | 10.10 (लो वोलैटिलिटी, बुल्स के पक्ष में माहौल) |
ट्रेडिंग व्यू:
- 13 अक्टूबर (सोमवार) को निफ्टी की फ्लैट से पॉजिटिव ओपनिंग (25,250–25,300) और
25,350–25,400 के बीच क्लोजिंग की संभावना। - सप्ताह भर में बाजार 25,000–25,700 की रेंज में रह सकता है।
- यदि रेजिस्टेंस ब्रेक होता है तो बाजार 25,800 से ऊपर जा सकता है।
ट्रेडर्स के लिए रणनीति
- लॉन्ग पोजिशन: जब निफ्टी 25,322 और उससे ऊपर के स्तर को decisively पार करे।
- शॉर्ट पोजिशन: यदि बाजार सपोर्ट जोन से नीचे फिसलने लगे।
- Time Cluster Indicator: डे-ट्रेडर्स के लिए तेज़ मूवमेंट पहचानने का असरदार तरीका।
- रिस्क मैनेजमेंट: हर ट्रेड के साथ स्टॉप लॉस ज़रूर लगाएं।
बीते हफ्ते का प्रदर्शन
| सूचकांक | हफ्ते की बढ़त | अंतिम स्तर |
|---|---|---|
| Nifty 50 | +391 अंक (+1.57%) | 25,285 |
| Sensex | +1,293 अंक (+1.59%) | 82,500 |
- 10 अक्टूबर (शुक्रवार) को निफ्टी +103 अंक और सेंसेक्स +328 अंक चढ़ा।
- PSU बैंक, रियल्टी और फार्मा सेक्टर ने सबसे अधिक प्रदर्शन किया।
अगला सप्ताह तकनीकी और मौलिक दोनों दृष्टिकोण से बेहद अहम रहने वाला है।
बाजार फिलहाल संतुलित तेजी के मूड में है, लेकिन 17 अक्टूबर को कोई बड़ा ट्रेंड उभर सकता है।
महंगाई दर, ग्लोबल पॉलिटिक्स और कॉर्पोरेट नतीजे बाजार की चाल की दिशा तय करेंगे।



