जयपुर। साउथ जिले में सोमवार से चल रहे ‘ऑपरेशन शिकंजा’ ने अपराधियों के लिए हड़कंप मचा दिया। डीसीपी साउथ राजर्षि राज के नेतृत्व में पुलिस टीम ने लगभग 500 ठिकानों पर छापेमारी की और 16 अपराधियों को गिरफ्तार किया।
इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 44 चौपहिया और 66 दोपहिया वाहन जब्त किए। डीसीपी राज ने बताया कि अभियान का मकसद संदिग्ध, आदतन अपराधियों और संगठित अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई करना है।
फरार वारंटियों पर नकेल
अभियान में लंबे समय से फरार चल रहे 45 स्थायी वारंट और अन्य वांछित अपराधियों को पकड़ने में सफलता मिली।
हथियारबंद अपराधियों के खिलाफ शिप्रा पथ, महेश नगर, मुहाना, श्याम नगर और शिवदासपुरा थानों में 5 एफआईआर दर्ज की गई। गिरफ्तार अपराधियों में शामिल हैं:
- रमजान अली
- परवेश
- उमेश सिंह उर्फ अंग्रेज
- धनराज गुर्जर उर्फ डीके गुर्जर
- शंकर धोबी
अभियान का सुपरविजन एडिशनल डीसीपी ललित शर्मा कर रहे हैं।
होटलों और रेंटल वाहनों की सख्त जांच
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 33 होटल संचालकों को नोटिस जारी किए। जांच में पाया गया कि कई होटल में रुकने वालों की ID नहीं ली जा रही थी, CCTV कैमरे खराब थे और रजिस्टर मेंटेन नहीं किया जा रहा था।
साथ ही, नियमों का उल्लंघन करने वाले एक रेंटल वाहन संचालक को गिरफ्तार किया गया। यह कदम अपराधियों की आवाजाही और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए उठाया गया।
डीसीपी का बयान
डीसीपी साउथ राजर्षि राज ने कहा:
“‘ऑपरेशन शिकंजा’ का मकसद संगठित अपराधियों और आदतन अपराधियों पर कड़ी नकेल डालना है। अभियान लगातार जारी रहेगा और अपराधियों को जिले में कोई जगह नहीं दी जाएगी।”



